संसाधनों की कमी के बावजूद दूध नदी की सफ़ाई का कार्य उत्साह पूर्वक जारी
काँकेर । उत्तर बस्तर क्षेत्र की जीवन रेखा दूध नदी की सफ़ाई का संकल्प लिए हुए “जन सहयोग” के अध्यक्ष अजय पप्पू मोटवानी तथा उनके साथी आज सुबह सवेरे एक बार फिर दूध नदी के पुराने पुल के आसपास पूरे जोर-शोर से स्वच्छता अभियान चलाते नज़र आए । आज कोई गाड़ी , ट्राली या ट्रैक्टर नहीं था। इन साधनों के बगैर भी बड़े उत्साह से समस्त समाजसेवी अपने कर्तव्य पालन में लगे रहे और भारी मात्रा में कचरे का उचित स्थान पर निपटारा भी कर दिया। कई घंटे तक यह कार्यक्रम चलता रहा, जिसमें “जन सहयोग” के अध्यक्ष अजय पप्पू मोटवानी के अलावा धर्मेंद्र देव ,डॉक्टर श्याम देव, शैलेंद्र देहारी ,पप्पू साहू ,अभिषेक सोनी, बहादुर निषाद, ऋतिक सोनी, इत्यादि नौजवानों ने घोर परिश्रम करते हुए पुराने पुल के आसपास का क्षेत्र पूर्णत: साफ सुथरा कर दिया। “जन सहयोग” संस्था की पूरी कोशिश यह है की बारिश के जोर पकड़ने के पूर्व ही अधिक से अधिक कचरा साफ हो जाए ,क्योंकि रुके हुए कचरे के कारण ही बाढ़ का पानी फैल कर बस्ती में घुस जाता है और नागरिकों को परेशानी हो जाती है ।।फालतू कचरा कम हो जाने से बहते हुए पानी को रास्ता मिल जाता है और बाढ़ की संभावना कम हो जाती है ।भारत माता की जय के नारे के साथ कार्यक्रम समाप्त हुआ और हमेशा की तरह आम जनता के लिए अपील जारी की गई। आशा की जाती है कि मानसून के पूरी तरह जोर पकड़ लेने के पहले ही जीवन रेखा दूध नदी में अधिकतम साफ सफ़ाई हो चुकी होगी।




